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UP TGT PGT Kala ki taiyari kaise karen

Kala शिक्षकों की भर्ती कौन करता है

     उत्तर प्रदेश में सहायक शिक्षक भर्ती के लिए माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड परीक्षाएं कराता है सहायक अध्यापक हाईस्कूल स्तर के बच्चों को पढ़ाते हैं तथा बोर्ड द्वारा प्रवक्ताओं की भर्ती भी की जाती है जो इंटर के स्तर के बच्चों को पढ़ाते हैं माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा निर्धारित सिलेबस में इंटर और हाई स्कूल में कला को एक वैकल्पिक विषय के रूप में मान्यता प्रदान की गई है अतः आयोग भी इनके लिए सहायक अध्यापक कला तथा प्रवक्ता कला शिक्षकों की भर्ती करता है

कला शिक्षक बनने के लिए क्या करें


       किसी भी प्रतियोगी परीक्षा को उत्तीर्ण करने के लिए सबसे आवश्यक कार्य है उसके सिलेबस को देखना और पुराने पेपरों का अध्ययन कर पूछे जाने वाले प्रश्नों को समझना तत्पश्चात अपनी योजना बनाकर तैयारी करना ऐसा करने से आपको पता चल जाता है कि कहां से कितने प्रश्न आते हैं और कितने क्वेश्चन हर परीक्षा में किन स्रोतों से पूछे जाते हैं जिनका अधिकांश अभ्यर्थियों को पता नहीं होता है तो हमें किन क्षेत्रों पर अपना ध्यान केंद्रित करना है जिससे हम दूसरों से बेहतर हो सके ये आसानी से पता चल जाता है

कला शिक्षक बनने के लिए बेहतर योजना कैसे बनाएं


      सबसे पहले अपनी दिनचर्या को कुछ भागों में बांट लें हमें सुबह कितने बजे पढ़ाई करनी है तत्पश्चात अपने दैनिक कार्यों को निपटा कर पुनः ऑब्जेक्टिव क्वेश्चन का अध्ययन करना है फिर हमें अपने अन्य कामों को कर लेने के पश्चात अपने नोट्स का एक बार पुनः रिवीजन करना है और उसके पश्चात जिस टॉपिक को आपने नोट से पड़ा हुआ है उससे संबंधित कम से कम तीन किताबों का अध्ययन करना है आपको कुछ नया मिले तो अपने नोट्स में लिखते जाइए इस प्रकार आपका एक अच्छा सा नोट्स तैयार हो जाएगा जो एग्जाम से पहले आपके रिवीजन के लिए अच्छा संग्रह होगा इसी से लगभग में 80% क्वेश्चन पूछे जाएंगे

कला शिक्षक भर्ती की तैयारी करने वाले अक्सर निम्न गलतियां करते हैं



   अधिकांश प्रतियोगी छात्रों को अभी यही लगता है कि कला सबसे सरल विषय है इसमें एक या दो किताबें पढ़ लो आपका चयन पक्का है परंतु वर्तमान में कुछ परीक्षाओं ने उनका भ्रम तोड़ा है इसलिए हमें अधिक से अधिक किताबों का अध्ययन करना है जिससे हमें सारे तथ्य बता रहे हैं


     रिवीजन पर पूरा ध्यान केंद्रित रखें जिससे हमें तथ्यों को याद करने में आसानी होती है तथा उन को क्रमबद्ध रूप में जोड़ भी सकते हैं

    कलाकारों की विशेषताएं शैलियों की विशेषताएं काफी कुछ हमारे लिए समस्याएं उपस्थित करती हैं इसके लिए आप सभी लोग एक जगह समान विशेषताओं को लिख ले दूसरी जगह आसमान विशेषताओं को लेकर याद करने में इससे आसानी होगी


 Study of old art question paper

    पुरने प्रश्न पत्रों का लागतार अध्यन करते रहें जो नए प्रश्न 
मिले उनको अपने नोट्स में अंकित करते चलें यह  तैयारी का एक महत्वपूर्ण अंग है जिससे आपको विषय के अन्य पहलुओं का भी ज्ञान होता चलता है जो तैयारी के द्रष्टिकोण से इतने महत्वपूर्ण नहीं होते हैं फिर भी एक या दो प्रश्न पूछे जाते हैं जो चयन में अत्यधिक प्रभाव डालते हैं

योजनाबद्ध तरीके से अगर आप तैयारी करेंगे और उसमें भी निरंतरता का रहना अत्यधिक आवश्यक है अगर ऐसा आप कर पाएंगे तो निश्चय ही सफलता आपको अवश्य मिलेगी








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